मंगलवार, 14 फ़रवरी 2017

गेम ,सोच और सफलता (Game, Thinking & Success)

दोस्तों आपने बचपन में अपने दोस्तों या परिवार के साथ जीरो काटी गेम तो खेली ही होगी। (जिसे Zero Cross और Tic Tac Toe भी कहते है। ) इसमें 9 डिब्बे होते है और जो भी तीन zero या तीन cross इकठ्ठे बना लेता है ,वह जीत जाता है।



यह गेम है तो मज़ेदार लेकिन इसमें जो पहले बाजी (turn) चलता है उसे 5 चांस मिलते है और जो बाद में चलता है ,उसे 4 chances ही मिल पाते है ,यानी की बराबर के मौके नहीं मिलते। और mostly यह होता है कि अगर दोनों game को अच्छे से खेलना जानते है तो फिर या तो गेम draw होती है या फिर जो first turn चलता है वह जीत जाता है। ऐसे में second बारी जो चलता है ,उसे एक turn कम मिलती है और वह जीत नहीं पाता। खैर गेम तो गेम है ,यह दिमाग की थोड़ी-सी कसरत के साथ-साथ मनोरंजन का साधन भी है ,लेकिन हमारी life में भी कई बार ऐसा ही होता है।






हमारी life भी एक तरह से गेम की ही तरह है ,लेकिन यह game जैसी होते हुए भी game नहीं है क्योंकि यह reality है। जैसा आपको Tic Tac Toe Game के बारे में बताया लाइफ भी कुछ ऐसी ही है। कई बार हम समझते है अब सब कुछ ख़तम हो गया ,अब आगे हम कुछ नहीं कर सकते। या फिर business में ही कुछ ऐसा हो जाता है कि हमे लगता है ,हम जो-जो कर सकते थे ,सब कुछ कर लिया ,अब बस Full Stop .

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लेकिन असल में ऐसा होता नहीं। हम सिर्फ हमारी सोच की सीमाओं के अंदर कैद होकर सोचते है ,उन सीमाओं से बाहर निकलकर कुछ करने का कभी सोचते ही नहीं।


क्योंकि Life तो Life  है ,इसलिए इसमें हम जो चाहे वह कर सकते है ,अगर हम अपनी सोच से हटकर सोचना चाहे तो वो भी सोच सकते है ,लेकिन हम तो सीमाओं में कैद है ,इसलिए उनसे बाहर का सोच नहीं पाते। एक बार कभी सोच की boundaries से बाहर निकलकर तो देखिये, तो सफलता जरूर मिलेगी। लेकिन सही दिशा की और न की गलत।

सफलता प्राप्त करने के लिए क्या करे ?


दोस्तों अब जानते है कि हम अपनी सोच की सीमाओं से बाहर कैसे निकल सकते है ?

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पहले गेम की ही बात करते है ,Picture देखिये और समझिये -




Picture आपने देखली, zero वाले को एक chance कम मिला था लेकिन अगर उस chance को boundaries के बाहर आकर पूरा किया जा सके तो कुछ ऐसा हो ,जैसा आप देख रहे है। सिर्फ एक chance और लेने से zero वाला जीत गया। खैर यह तो गेम है ,boundaries में ही रहकर खेलनी पड़ती है और ऐसा हम (सीमा से बाहर आकर खेलना) कर नहीं सकते। लेकिन हमारी ज़िन्दगी कोई ऐसी गेम नहीं जो boundaries के अंदर कैद हो सके ,हम real है ,हम कुछ भी कर सकते है। बस कुछ ऐसा ही हम सबको अपनी life के साथ करना है,अगर जिंदगी में सफल होना चाहते है।

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अगर किसी व्यक्ति को लगे कि सफलता के सारे रास्ते बन्द हो चुके है तो सिर्फ एक step/chance ऐसा भी जरूर लीजिये कि जो जिंदगी को बदलकर रख दे। आपका यह अंतिम कदम बिलकुल सोच-समझकर होना चाहिए ,लेकिन एक बार एक कदम जरूर उठाईये और अपनी सोच की सीमा से बाहर निकलिए और सोच का दायरा इतना बड़ा कीजिये कि सफलता की ही तरफ जाता हो।


लेकिन जरा संभलकर 



लेकिन जरा संभलकर ,कही किसी बहकावे में मत आ जाना कि सीमाओं से बाहर निकलो हर तरफ सफलता ही मिलेगी क्योंकि सभी रास्ते सफलता की ही तरफ नहीं जाते। जैसा कि आप ऊपर वाली पिक्चर में देख ही रहे है, अगर इस गेम में किसी भी और side zero डालते तो जीत न मिलती।

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सीमाओं से बाहर निकलने का यह मतलब नहीं कि हर तरफ opportunities ही है। रास्ते बहुत है ,लेकिन सफलता उसे ही मिलेगी जिसके पास ज्ञान होगा और अपने ज्ञान का सही-सही इस्तेमाल करके सही रास्ता चुनेगा । जो सीमाओं से बाहर तो निकलेगा ,लेकिन गलत राह में नहीं फंसेगा। यह बात हमारी ज़िन्दगी के हर एक पहलू पर लागू होती है। कुछ ऐसा ही हमारे culture के साथ भी है ,लोग कहते है कि अब modern जमाना है कल्चर-वल्चर छोड़ो और अपनी सोच की सीमाओं से बाहर निकलो। लेकिन अगर सीमाओं से बाहर भी निकलना है तो एक दिशा होनी चाहिए जिससे सही रास्ते पर ही चला जा सके ,अगर कोई सीमाओं के किसी भी छोर पर चलने की सोचेगा तो फिर वह सफलता तो क्या ,कुछ भी नहीं प्राप्त कर सकेगा।






इसलिए दोस्तों सोचिये ,बड़ा सोचिये ,सोच की सीमाओं से भी बाहर आकर सोचिये ,लेकिन अपना रास्ता मत खो देना। अगर सीमाओं से बाहर आना है तो Gyan को भी बढ़ाना होगा ,कुछ अलग लेकिन सही सोचना होगा ,तभी सफलता मिलेगी। 


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दोस्तों आपको यह पोस्ट गेम ,सोच और सफलता (Game, Thinking & Success) कैसी लगी ,comment करके हमें जरूर बताये।


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9 टिप्‍पणियां:

  1. hello bhai me bhi Uc news me post Karta hu pehle mere sab post Approve ho jate the, par abhi kuch dino se mere post accept nahi ho rahe hai to kya koi problem hogi ya sirf mere post hi approve nahi ho rahe hai, pehle to ekdam achha chal raha tha.

    abhi mere total 8 lakh se bhi uper view hai aur karib 10,000 followers hai to bhi kya problem ho sakti hai plz muje jarur bataye.

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    1. UC वाले पोस्ट manually publish करते है, इसलिए हो सकता है कि उनका ध्यान न गया हो आपकी post पर।
      जो पिछले publish नहीं हुए उनकी tension छोड़िये और कुछ अन्य पोस्ट डालकर देखिये, सुबह 9 बजे के बाद एक बार डालिये और फिर देखिए कि आपके publish होते है या नहीं। Publish होने में काफी समय लग जाता है, 10घंटे तक प्रतीक्षा करे।

      एक और बात, मेरे भी सभी Post पब्लिश नहीं होती, लेकिन अगर कोई नयी वाली पब्लिश हो जाए तो पुरानी वाली पड़ी ही रह जाती है।

      अगर कल 10-12 घण्टे प्रतीक्षा करने के बाद भी पब्लिश न हो तो उन्हें एक बार E-Mail भेजे।

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    2. Nikhli bhai muje Email address jijiye na... uc news me complaints karne ka.

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    3. आप जब UC में login करेंगे तो सबसे नीचे E-Mail address लिखा हुआ है।
      wemedia@service.alibaba.com

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  2. Bhut shi kha h aap ne nikhil ji life ek game hi ki trha hoti h jise hume soch samj ke khel na chaiye

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  3. आपने गेम के माध्यम से असल जिन्दगी की हकीकत बयां की है इस लेख मे । जो कि एक सच्चाई है । लेकिन गर हौसला मन में हो तो जिन्दगी कही से भी शुरू की जा सकता है । बस सही शुरुवात की जरुरत होती है ।

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  4. Apne ek game ki nayi soch se jindagi jine ka tarika jo btaya bahut unique hai. Nice

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